Wednesday, 26-08-2026
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अग्निवीर भर्ती के नाम पर फर्जीवाड़ा! फर्जी आर्मी दस्तावेज और मोहर से अभ्यर्थियों को ठगने का आरोप, बरेली में एक गिरफ्तार

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टाइमलाइन न्यूज़ हिंदी के लिए सूरज मौर्य की रिपोर्ट

बरेली, 26 अगस्त 2026। अग्निवीर भर्ती प्रक्रिया में अभ्यर्थियों को झांसा देकर ठगी करने के मामले में बरेली पुलिस और मिलिट्री इंटेलिजेंस की संयुक्त टीम ने एक आरोपी को गिरफ्तार किया है। पुलिस के मुताबिक आरोपी खुद को सेना में हवलदार बताकर अभ्यर्थियों को री-मेडिकल कराने और भर्ती प्रक्रिया में मदद दिलाने का भरोसा देता था।

पुलिस के अनुसार, 25 अगस्त को मिली मिलिट्री इंटेलिजेंस की गोपनीय सूचना पर थाना कैंट पुलिस और मिलिट्री इंटेलिजेंस की संयुक्त टीम ने कार्रवाई करते हुए राजेश तिवारी को गिरफ्तार किया। आरोपी लखनऊ के कृष्ण विहार कॉलोनी, आईआईएम रोड क्षेत्र का रहने वाला बताया गया है और उसकी उम्र करीब 36 वर्ष है।

आरोप है कि राजेश तिवारी अभ्यर्थियों को बताता था कि सेना के अधिकारियों और मेडिकल स्टाफ से उसकी पहचान है और वह मेडिकल में अनफिट घोषित अभ्यर्थियों को पैसे लेकर री-मेडिकल में पास करा सकता है। पुलिस के मुताबिक इस पूरे फर्जीवाड़े में आरोपी अपने एक अन्य साथी के साथ मिलकर अभ्यर्थियों से धनराशि वसूलता था।

पुलिस को क्या-क्या मिला?

गिरफ्तारी के दौरान पुलिस ने एक फर्जी आर्मी मोहर, Redmi Note 14 Pro मोबाइल फोन, अभ्यर्थियों के विवरण और अन्य दस्तावेजों वाला रजिस्टर, फर्जी/कूटरचित कॉल-अप लेटर समेत अन्य संबंधित अभिलेख और बैंक लेन-देन से जुड़े साक्ष्य बरामद किए हैं।

पूछताछ में आरोपी ने पुलिस को बताया कि करीब 15-16 अभ्यर्थियों से जबलपुर तथा दो अन्य अभ्यर्थियों से कई लाख रुपये लिए जा चुके हैं।

मामले में थाना कैंट, जनपद बरेली में BNS की धारा 318(4), 338, 336(3), 340(2) और 61(2) के तहत मुकदमा दर्ज किया गया है।

पुलिस अब इस फर्जीवाड़े से जुड़े अन्य लोगों और अभ्यर्थियों से लिए गए पैसों के नेटवर्क की भी जांच कर रही है।

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